राजा भइया से मुलाकात: रानेपुर के अमित सिंह ने रखे विकास व सामाजिक पहलों के प्रस्ताव

चंदौली जिले के सकलडीहा ब्लॉक के रानेपुर निवासी समाजसेवी अमित सिंह ने शुक्रवार को प्रतापगढ़ स्थित राजभवन बेंती(कुंडा) में जनसत्ता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुंवर रघुराज प्रताप सिंह उर्फ “राजा भइया” से भेंट कर उनका कुशलक्षेम जाना और अंगवस्त्र एवं स्मृति चिह्न भेंट किया। राजभवन में सम्पन्न यह औपचारिक बैठक राजनीतिक व सामाजिक परिवेश में विशेष रुचि का केंद्र बनी रही, जहां दोनों पक्षों के बीच गर्मजोशी और सौहार्द का वातावरण बना रहा।
भेंट के प्रारम्भ में अमित सिंह ने राजा भइया का अभिवादन किया और उन्हें अपने क्षेत्र रानेपुर व सकलडीहा ब्लॉक की जन समस्याओं, विकास आवश्यकताओं तथा सामाजिक पहलों की संक्षिप्त जानकारी दी। बैठक में मुख्य रूप से जल, सड़क, स्वास्थ्य एवं शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई। अमित सिंह ने बताया कि रानेपुर इलाका आर्थिक व सामाजिक दृष्टि से सुधार चाह रहा है और वहां के निवासियों को बुनियादी ढांचे एवं सरकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन की आवश्यकता है। उन्होंने स्थानीय स्तर पर चल रहे कुछ सामाजिक अभियानों, स्वास्थ्य शिविरों तथा स्वच्छता संबंधी पहलों की भी जानकारी दी।
कुंवर रघुराज प्रताप सिंह ने अमित सिंह की इन पहलों की सराहना की और कहा कि स्थानीय समाजसेवकों की भागीदारी विकास कार्यों में महत्वपूर्ण होती है। राजा भइया ने जिलास्तर के विकास के लिए प्रशासन एवं जन प्रतिनिधियों के साथ समन्वय बढ़ाने पर बल दिया और आवश्यकतानुसार समर्थन का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि केन्द्र तथा राज्य की नीतियों का लाभ स्थानीय स्तर पर पहुँचाने में जनप्रतिनिधि व समाजसेवी मिलकर बेहतर परिणाम दे सकते हैं।
मुलाकात के दौरान अमित सिंह ने राजा भइया को स्मृति चिह्न प्रदान किया, जिसे उन्होंने हर्षोल्लास से स्वीकार किया। दोनों के बीच विचार-विनिमय में आगामी कार्यक्रमों और जनसत्ता दल की स्थानीय व क्षेत्रीय गतिविधियों पर भी चर्चा हुई। सूत्रों ने बताया कि यह बैठक केवल शिष्टाचारिक नहीं थी, बल्कि क्षेत्रीय विकास संबंधी ठोस मुद्दों पर सुझाव व समर्थन के आश्वासन का भी मंच रही।
राजभवन में आयोजित इस भेंट-मुलाकात के बाद अमित सिंह ने कहा कि राजा भइया का अपनापन और सहयोगात्मक दृष्टिकोण उनके लिए प्रेरणास्पद रहा। उन्होंने आगे बताया कि वे पार्टी नेतृत्व के साथ समन्वय बनाकर रानेपुर व आसपास के गांवों के विकास के लिए उत्तरदायी कदम उठाने की तैयारी में हैं। राजभवन में हुई यह मुलाकात स्थानीय स्तर पर सकारात्मक संकेत मानी जा रही है और इससे क्षेत्र के विकास प्रयासों को गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

