बाइक सवार भाई बहन को टैंकर ने रौंदा, बहन की मौत, भाई घायल

ग्रामीणों ने किया रोड जाम,मीना बाजार में खरीदारी के लिये भाई के साथ आयी थी बहन
डंफर चालाक को पकड़ने के बजाय पुलिस ने शव को परिजन को दिखाए बगैर भेज दिया मोर्चरी हाउस-परिजन,
चंदौली, सकलडीहा। क्षेत्र के ताजपुर बालू मंडी के समीप रविवार को शाम चार बजे बाइक सवार भाई बहन को टैंकर ने रौंद दिया. जिससे बहन की मौके पर ही मौत हो गई वहीं 20 वर्षीय भाई गंभीर रूप से घायल हो गया. सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अंत्य परीक्षण हेतु मोर्चरी हाउस भेज दिया. वही घायल भाई को सीएचसी इलाज के लिये ले गया.
थाने पर पहुंचे परिजनों को टैंकर चालक को पकड़ने के बजाय कागज देते हुए रिपोर्ट दर्ज कराने की बात पर ग्रामीण भड़क गये. वापस सेवखर भोजापुर राजवाहा के समीप मार्ग अवरूध कर पुलिस प्रशासन की मनमानी के खिलाफ विरोध जताने लगे. करीब आधा घंटा बाद तहसील प्रशासन और भाजपा नेता सूर्यमुनी तिवारी के समझाने पर ग्रामीण शांत हुए.
सेवखर कला गांव निवासी किसान मान्धाता पांडेय को दो पुत्र अनुज पांडेय व राजेश पांडेय व एक पुत्री रिमझिम उर्फ शिल्पी है. रिमझिम सकलडीहा इंटर कॉलेज की छात्रा थी. वह अपने भाई अनुज के साथ सकलडीहा कस्बा के अलीनगर तिराहे पर लगने वाली मीना बाजार में सामान खरीदने के लिये आयी हुई थी. सामान खरीद कर अपने भाई के साथ वापस घर जा रही थी. कि ताजपुर पेट्रोल पंप के समीप बालू मंडी के पास पीछे से तेज रफ्तार में आ रही टैंकर ने पीछे से धक्का मार दिया जिससे बाइक सवार अंसतुलित होकर बाए साइड सड़क किनारे गीर गया। वही बहन टैंकर के पहिये के नीचे आ गयी. जिससे उसकी दर्दनाक मौत हो गयी.
ग्रामीण कुछ समझ पाते तबतक टैंकर वाला भाग निकला. भाई ने उठकर तुंरत घर वालों को फोन करके बताया. सूचना पर पहुंची केातवाली पुलिस ने टैंकर चालक को पकड़ने के बजाय शव को कब्जे में लेकर सीधे जिला हास्पीटल भेज दिया. भाई को इलाज के लिये सीएचससी ले गया. थाने पर पहुंचे परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस टैंकर चालक को पकड़ने के बजाय बेटी के शव को बगैर परिजनों को दिखाये जिला पर भेज दिया.
एक सादा कागज देकर रिपोर्ट लिखने की बात कहने पर ग्रामीण भड़क गये. थाने पर हो हल्ला मचाते हुए ग्रामीण सेवखर भोजापुर राहवाहा मार्ग पर पहुंचकर मार्ग अवरूद्ध कर विरोध जताने लगे. मौके पर तहसील और पुलिस प्रशासन द्वारा समझाने पर ग्रामीण शांत हुए. इस दौरान तहसीलदार अजीत सिंह, सीओ रघुराज, सदर कोतवाल राजेश सिंह, सकलडीहा प्रभारी अशोक मिश्रा सहित अन्य पुलिस फोर्स मौजूद रहे.
रूट नही बदला होता तो बच जाती बहन की जान अनुज अपने बहन रिमझिम को लेकर भोजापुर होते हुए सकलडीहा पहुंचकर मीना बाजार गया था. लौटते समय बहन के कहने पर ताजपुर मार्ग से होते हुए घर जा रहा था. भाई बार बार सड़क पर पड़ी बहन की शव को देखकर रोते हुए कह रहा था काश रूट नही बदला होता तो बच जाती बहन की जान. वही बेटी की मौत पर पिता मांधाता माता अमिता पांडेय भाई अनुज, उज्जवल पांडेय सहित परिजनों का रोते रोते बुरा हाल था।

