चंदौली में एसडीएम के खिलाफ लेखपालों ने खोला मोर्चा

बांह में काली पट्टी बांध विरोध जताया, निलंबन वापसी की मांग की
चंदौली। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के आवाह्न पर जनपद की सभी तहसीलों के लेखपालों ने सदर एसडीएम दिव्या ओझा के खिलाफ शनिवार को मोर्चा खोल दिया। काली पट्टी बांधकर विरोध किया। एसडीएम पर लेखपाल से दुर्व्यवहार और घूस का झूठा आरोप लगाया। सकलडीहा में भी लेखपालों ने काली पट्टी बांध सांकेतिक विरोध जताया है।
बलुआ समाधान दिवस पर उपस्थित
सकलडीहा तहसील मंत्री अनिल कुमार ने बताया कि, एसडीएम ने लेखपाल नूतन को अपने आवास पर बुलाकर उनके स्मार्टफोन की जांच की। इसके बाद उन पर एक लाख रुपये की घूस लेने का झूठा आरोप लगाया। लेखपाल द्वारा आरोप खारिज करने के बाद एडीएम ने नोटिस जारी करके स्पष्टीकरण मांगा है।
आरोप लगाया कि छह महीने से चार लेखपाल निलंबित हैं। सभी से स्पष्टीकरण देने के बाद भी जांच अधिकारी ने रिपोर्ट प्रस्तुत कर दी है, लेकिन अभी तक उन्हें बहाल नहीं किया गया है।
उन्होंने बताया कि फत्तेपुर कला गांव में जमीन विवाद के दौरान दो पक्षों के बीच झगड़ा हुआ था। जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। इस मामले में सदर तहसील के अधिकारी क्षेत्रीय लेखपाल नूतन को दोषी ठहराने की कोशिश कर रहे हैं।
लेखपाल संघ ने स्पष्टीकरण वापस लेने और सभी निलंबित लेखपालों को बहाल करने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो मंगलवार को जिले भर के सभी लेखपाल डीएम से मिलकर अपनी मांगें रखेंगे।
विरोध प्रदर्शन में लेखपाल अनिल कुमार, सुभाष, अजीत कुशवाहा, अम्बरीष कुमार सिंह, सतीश सिंह, रामजन्म यादव, ओमजी यादव, चंदन यादव, विजय जायसवाल, गोविंदा, दीपराज पंकज, अनिल गुप्ता, प्रमोद कुमार सहित कई लेखपाल मौजूद थे।