बंद रेस्टोरेंट में चल रहा था शराब तस्करी का अंतर्राज्यीय खेल, 15 पुरुष और 18 महिलाएं गिरफ्तार
बंद रेस्टोरेंट की आड़ में शराब का गोदाम और महिलाओं समेत 33 लोगों के जरिए बिहार तक तस्करी का नेटवर्क संचालित होना इस अवैध कारोबार के संगठित स्वरूप को उजागर करता है। अखबार में लिपटी बोतलों से लेकर शरीर से चिपकाकर शराब ले जाने तक तस्करों ने पुलिस की निगरानी से बचने के कई तरीके अपना रखे थे। चंदौली पुलिस की कार्रवाई ने इस नेटवर्क पर बड़ा प्रहार किया है, लेकिन अब इसके पीछे सक्रिय मुख्य संचालकों और शराब की आपूर्ति के पूरे तंत्र तक पहुंचना अहम होगा।

अखबार में लपेटकर, बैग और कपड़ों में छिपाकर बिहार पहुंचाते थे शराब की खेप; 520.7 लीटर शराब, 37,690 रुपये नकदी और चार वाहन बरामद
चंदौली। बिहार में शराबबंदी के बावजूद वहां अवैध शराब की आपूर्ति का बड़ा नेटवर्क चंदौली से संचालित हो रहा था। तस्करों ने शहर के वार्ड नंबर पांच स्थित एक बंद पड़े रेस्टोरेंट को शराब के गोदाम में तब्दील कर रखा था। यहां स्थानीय शराब ठेकों से शराब जुटाकर उसकी विशेष पैकिंग की जाती थी। इसके बाद पुरुष और महिलाएं अखबार में लिपटी बोतलों को पिट्ठू बैग, हैंड पर्स, कपड़ों के थैलों और शरीर से चिपकाकर बिहार पहुंचाते थे। चंदौली कोतवाली पुलिस ने इस अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए 15 पुरुष और 18 महिलाओं समेत कुल 33 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मौके से 520.7 लीटर अवैध शराब, 37,690 रुपये नकदी और चार वाहन बरामद किए गए हैं।
मंगलवार को प्रभारी निरीक्षक त्रिवेणी सिंह पुलिस टीम के साथ सकलडीहा तिराहे पर संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार दो संदिग्ध पुलिस को देखकर भागने लगे। बाइक चालक मोटरसाइकिल पीछे घुमाकर फरार हो गया, जबकि पीछे बैठा व्यक्ति असंतुलित होकर गिर पड़ा। पुलिस ने उसे मौके पर ही दबोच लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान बिहार के वैशाली निवासी सुमंत कुमार के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उसके पिट्ठू बैग से अवैध शराब बरामद हुई।
एक गिरफ्तारी से खुला तस्करी के बड़े नेटवर्क का राज
पूछताछ में सुमंत ने चंदौली कस्बे के वार्ड नंबर पांच स्थित बंद पड़े चंदौली रेस्टोरेंट में भारी मात्रा में शराब जमा होने की जानकारी दी। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक त्रिवेणी सिंह ने पुलिस टीम के साथ रेस्टोरेंट पर दबिश दी। पुलिसकर्मी सीढ़ियों के नीचे बने दरवाजे से अंदर दाखिल हुए तो वहां बड़ी संख्या में पुरुष और महिलाएं शराब की बोतलों की पैकिंग करते मिले। पुलिस ने घेराबंदी कर मौके से 15 पुरुष और 18 महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से बंद रेस्टोरेंट की आड़ में संचालित तस्करी के पूरे नेटवर्क का खुलासा हो गया।
अखबार में लपेटकर बोतलों को बनाते थे पार्सल
तस्करों ने पुलिस की चेकिंग से बचने के लिए शराब पहुंचाने का शातिर तरीका अपना रखा था। पूछताछ में सामने आया कि शराब की बोतलों को पहले समाचार पत्रों में लपेटकर पारदर्शी टेप से चिपकाया जाता था। इसके बाद पुरुष तस्कर इन्हें पिट्ठू बैग और कपड़ों के विशेष थैलों में छिपाते थे, जबकि महिलाएं हैंड पर्स, सूटकेस, कमीज की आस्तीन और शरीर से चिपकाकर कपड़ों के झोलों में शराब रखती थीं। सामान्य यात्रियों की तरह दिखते हुए ये लोग छोटी-छोटी खेपों में सवारी रेलगाड़ियों, सार्वजनिक बसों, टेंपो और दोपहिया वाहनों से शराब बिहार पहुंचाते थे। वहां इसे ऊंचे दामों पर बेचकर मोटा मुनाफा कमाया जाता था।
शराब ठेके से बंद रेस्टोरेंट तक पहुंचती थी खेप
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में संतोष गुप्ता नामक शराब ठेकेदार और रेस्टोरेंट मालिक की मिलीभगत से इस कारोबार के संचालन की बात बताई है। शराब को टेंपो और मोटरसाइकिलों के जरिए बंद रेस्टोरेंट तक पहुंचाया जाता था। वहां बोतलों की पैकिंग के बाद पुरुषों और महिलाओं के अलग-अलग समूहों के माध्यम से बिहार भेजा जाता था। इस तरह शराब की खरीद, भंडारण, पैकिंग, परिवहन और दूसरे राज्य में बिक्री तक का पूरा नेटवर्क संचालित किया जा रहा था।
2,234 बोतलें और चार वाहन बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने सिग्नेचर, रॉयल स्टैग, ब्लेंडर्स प्राइड, ऑफिसर्स चॉइस, मैकडॉवेल्स, आफ्टर डार्क, 8 पीएम, रॉयल चैलेंज और मैजिक मोमेंट्स समेत विभिन्न ब्रांडों की कुल 2,234 बोतलें, टेट्रा पैक और पाउच बरामद किए। इनकी कुल मात्रा 520.7 लीटर बताई गई है। इसके अलावा शराब बिक्री के 37,690 रुपये नकद मिले हैं। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल एक टेंपो, दो मोटरसाइकिल और एक टीवीएस मोपेड समेत चार वाहन जब्त किए हैं।
बिहार के पांच जिलों से जुड़े आरोपी
गिरफ्तार 15 पुरुषों में चंदौली के चार आरोपियों के अलावा बिहार के रोहतास, पटना, नालंदा और वैशाली जिले के निवासी शामिल हैं। वहीं 18 महिला आरोपियों में पटना, गया, जहानाबाद, वैशाली और रोहतास की महिलाएं शामिल हैं। अलग-अलग जिलों के लोगों की एक साथ गिरफ्तारी इस तस्करी नेटवर्क के व्यापक दायरे को उजागर करती है।
आबकारी अधिनियम में मुकदमा दर्ज
पुलिस ने मामले में मु0अ0सं0 526/2026 के तहत धारा 60(1), 60 और 63 आबकारी अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया है। बंद पड़े रेस्टोरेंट के विरुद्ध कार्रवाई के लिए संबंधित विभाग को रिपोर्ट भेजी गई है। पूरी कार्रवाई प्रभारी निरीक्षक त्रिवेणी सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक विनोद कुमार सिंह, रामसुजान यादव, मारकंडेय सिंह तथा पुलिस और महिला आरक्षियों की टीम ने की।