चंदौली: गणेशपुर मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय निर्माण में खामियां, डीएम ने लगाई फटकार
चंदौली के चकिया स्थित गणेशपुर में निर्माणाधीन मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय के निरीक्षण में पिलर और अन्य ढांचागत कार्यों में खामियां मिलने पर जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने नाराजगी जताई। उन्होंने कार्यदायी संस्था को कमियां तत्काल दूर करने, निर्माण में निर्धारित मानकों का पालन करने और गुणवत्ता में लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी दी।

चंदौली। जिले में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से निर्माणाधीन मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय में गुणवत्ता संबंधी खामियां सामने आई हैं। बुधवार, 14 अक्टूबर 2026 को चकिया क्षेत्र के गणेशपुर में जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान पिलर और अन्य ढांचागत कार्यों में कमियां मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और संबंधित कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधियों व अभियंताओं को कड़ी फटकार लगाई।
निर्माण सामग्री की गुणवत्ता पर विशेष जोर
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालय भवन के निर्माण की प्रगति, कार्य की गुणवत्ता और निर्धारित मानकों का जायजा लिया। उन्होंने मौके पर मौजूद सामग्री गुणवत्ता परीक्षण मशीन की कार्यप्रणाली को भी परखा। साथ ही निर्माण कार्य में इस्तेमाल की जा रही ईंट, सीमेंट, कंक्रीट सहित अन्य सामग्रियों की गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जांच के दौरान भवन के पिलर और अन्य ढांचागत कार्यों में खामियां मिलने पर जिलाधिकारी ने इसे गंभीरता से लिया। उन्होंने संबंधित प्रतिनिधियों और अभियंताओं को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। भवन की मजबूती और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निर्धारित तकनीकी मानकों का पूरी तरह पालन किया जाए।
कमियां दूर करने के सख्त निर्देश
जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था को निरीक्षण के दौरान चिह्नित कमियों को तत्काल दूर करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता से समझौता किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुरूप ही विद्यालय भवन का निर्माण पूरा कराया जाए।
उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में निर्माण कार्य की गुणवत्ता में कमी पाई गई तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि यह परियोजना बच्चों के भविष्य और उनकी सुरक्षा से जुड़ी है, इसलिए इसमें किसी भी स्तर पर कोताही नहीं होनी चाहिए।
बच्चों की सुरक्षा और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर जोर
मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक सुविधाओं से युक्त भवन तैयार करना है। ऐसे में निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है। भवन की मजबूती, निर्माण सामग्री की गुणवत्ता और तकनीकी मानकों का पालन विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिहाज से अहम है।
जिलाधिकारी के औचक निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागीय अधिकारी, कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि और निर्माण कार्य से जुड़े अभियंता मौजूद रहे।