चंदौली में तीन दरोगा निलंबित, चोरी और नकबजनी पर लगाम लगाने में नाकाम रहे; एसपी का सख्त एक्शन
चोरी और नकबजनी पर अंकुश सिर्फ मुकदमे दर्ज करने से नहीं, अपराधियों तक पहुंचने और चोरी का माल बरामद करने से लगता है। तीन दरोगाओं का निलंबन पुलिस महकमे के लिए कड़ा संदेश है कि अपराधियों को खुली छूट और कर्तव्यों में लापरवाही अब एक साथ नहीं चल सकती।

चंदौली। चोरी और नकबजनी की घटनाओं पर लगाम लगाने में नाकामी और विवेचनाओं में लापरवाही अब चंदौली पुलिस के तीन दरोगाओं को भारी पड़ गई। अपराधियों पर शिकंजा कसने में विफलता और कर्तव्यों के प्रति उदासीनता पर एसपी आकाश पटेल ने तीनों को निलंबित कर पुलिस महकमे में साफ संदेश दे दिया कि वर्दी की जिम्मेदारी से खिलवाड़ करने वालों की खैर नहीं।
पुलिस अधीक्षक ने अपराध नियंत्रण में लापरवाही, चोरी और नकबजनी के मामलों का खुलासा नहीं करने तथा उच्चाधिकारियों के निर्देशों की अनदेखी करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। कार्रवाई की जद में सकलडीहा थाने के उपनिरीक्षक दिनेश राम, मुगलसराय थाने के उपनिरीक्षक रामकेर यादव और चंदौली थाने के उपनिरीक्षक केशव प्रसाद सिंह आए हैं।
बिना खुलासे अंतिम रिपोर्ट भेजना पड़ा भारी
सकलडीहा थाने में दर्ज मुकदमा संख्या 87/2025 और 113/2025 की विवेचना के दौरान उपनिरीक्षक दिनेश राम पर बिना घटना का अनावरण किए और चोरी के माल व आरोपितों की बरामदगी के बगैर अंतिम रिपोर्ट प्रेषित करने का आरोप है। क्षेत्राधिकारी सकलडीहा की ओर से कई बार लिखित और मौखिक निर्देश दिए जाने के बावजूद उन्होंने कोई सार्थक प्रयास नहीं किया। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए सीओ की 29 अक्टूबर की रिपोर्ट के आधार पर एसपी ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
बीट क्षेत्र में चोरी-नकबजनी पर नहीं लगा सके लगाम
मुगलसराय थाने में तैनात उपनिरीक्षक रामकेर यादव पर अपने बीट क्षेत्र में अपराधों पर नियंत्रण नहीं रखने, चोरी और नकबजनी जैसे गंभीर मामलों की विवेचना तथा चोरी के माल की बरामदगी में रुचि नहीं लेने का आरोप है। इसके साथ ही उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना भी सामने आई। क्षेत्राधिकारी पीडीडीयू नगर की 30 अक्टूबर की रिपोर्ट के आधार पर उन्हें निलंबित कर दिया गया।
लगातार नकबजनी की घटनाओं पर कार्रवाई
चंदौली थाने के हल्का और बीट संख्या एक में तैनात उपनिरीक्षक केशव प्रसाद सिंह पर अपने क्षेत्र में हो रही नकबजनी की घटनाओं पर अंकुश नहीं लगा पाने के आरोप में कार्रवाई की गई। क्षेत्राधिकारी सदर की 29 अक्टूबर की आख्या के आधार पर एसपी ने उन्हें भी तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
लापरवाही पर नहीं मिलेगी कोई छूट
पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने स्पष्ट किया है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण में किसी भी स्तर पर लापरवाही, ढिलाई या अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कर्तव्यों के प्रति उदासीनता बरतने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कठोर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।