सकलडीहा के फुल्ली गांव में बजबजा रहीं नालियां, सफाईकर्मी बना बाबू, ग्रामीणों में आक्रोश
फुल्ली गांव में बजबजाती नालियों, गंदगी और मच्छरों के बढ़ते प्रकोप से ग्रामीण परेशान हैं। सफाईकर्मी पर नियमित सफाई के बजाय केवल हाजिरी लगाकर लौटने का आरोप लगाया गया है। ग्रामीणों ने विशेष सफाई अभियान, जलनिकासी दुरुस्त कराने और सफाईकर्मी की नियमित निगरानी की मांग की है।
चंदौली। सकलडीहा ब्लॉक के फुल्ली गांव में सफाई व्यवस्था बदहाल होने से ग्रामीणों का जीना मुहाल है। नालियां गंदगी से बजबजा रही हैं, गलियों में गंदा पानी और कूड़ा जमा है तथा मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि सफाईकर्मी गांव में सफाई करने के बजाय प्रधान के यहां हाजिरी लगाकर लौट जाता है। कई बार शिकायत के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने से ग्रामीणों में आक्रोश है।

ग्रामीणों के मुताबिक गांव की नालियों की लंबे समय से नियमित सफाई नहीं हुई है। नालियों में कचरा और गंदगी जमा होने से पानी की निकासी प्रभावित है। कई स्थानों पर गंदा पानी रास्तों तक पहुंच रहा है, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है। दुर्गंध और गंदगी के कारण आसपास रहने वाले लोगों को भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीण शैलेश कुमार, अनमोल कुमार, राजा राम, विशाल कुमार, लगन राम, सुरेश राम और उर्मिला देवी सहित कई लोगों ने बताया कि सफाई व्यवस्था को लेकर ग्राम प्रधान से कई बार शिकायत की जा चुकी है। उनका कहना है कि हर बार “ठीक है, साफ करवा देंगे” कहकर मामला टाल दिया जाता है, लेकिन गांव की स्थिति में कोई खास बदलाव नहीं आया।
हाजिरी लगाकर लौटने का आरोप
ग्रामीणों का सबसे गंभीर आरोप सफाईकर्मी की कार्यप्रणाली को लेकर है। उनका कहना है कि सफाईकर्मी गांव में नियमित सफाई करने के बजाय प्रधान के यहां पहुंचता है और हाजिरी लगाकर चला जाता है। ग्रामीणों ने कहा कि यदि सफाईकर्मी नियमित रूप से अपने निर्धारित क्षेत्र में सफाई करे और उसके कार्य की निगरानी हो तो गांव में इस तरह गंदगी का अंबार नहीं लगेगा।
ग्रामीणों ने पंचायत और ब्लॉक स्तर के अधिकारियों से सफाई व्यवस्था की मौके पर जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि केवल कागजों में सफाई व्यवस्था दुरुस्त दिखाने के बजाय जिम्मेदार अधिकारी गांव में पहुंचकर वास्तविक स्थिति देखें और सफाईकर्मी की उपस्थिति व कार्य की भी जांच करें।
मच्छरों का बढ़ा प्रकोप, बीमारी का खतरा
नालियों में गंदगी और जगह-जगह जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ने की बात ग्रामीणों ने कही है। ग्रामीणों का कहना है कि गंदगी के बीच संचारी एवं संक्रामक बीमारियों का खतरा बना हुआ है। ऐसे में नालियों की सफाई के साथ मच्छररोधी दवा और आवश्यकतानुसार ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव कराया जाना जरूरी है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि गांव में तत्काल विशेष सफाई अभियान चलाकर नालियों की सफाई, गलियों से कूड़ा हटाने और जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त कराई जाए। साथ ही सफाईकर्मी के लिए निर्धारित रोस्टर का पालन सुनिश्चित कराकर नियमित सफाई की निगरानी की जाए।
ग्रामीणों का कहना है कि सफाई व्यवस्था केवल हाजिरी और कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उसका असर गांव की गलियों में साफ दिखाई देना चाहिए। उन्होंने जिम्मेदार अधिकारियों से तत्काल कार्रवाई कर फुल्ली गांव को गंदगी से निजात दिलाने की मांग की है।